What is Keyboard in Hindi ( कीबोर्ड क्या है ?)

By | April 22, 2020
keyboard kya hai

नमस्कार  Keyboard in Hindi के Post में आपका स्वागत है. कीबोर्ड के माध्यम से   Computer  में   Text या Number डाटा को इनपुट किया जाता है.  दोस्तों  कीबोर्ड क्या है?  इसके प्रकार और उपयोग के बारे में विस्तार से जानते है. उम्मीद है कीबोर्ड से सम्बंधित आपके सारे प्रश्नों के उत्तर इस पोस्ट Keyboard in Hindi में मिल जायेंगे.

 

कीबोर्ड क्या है (What is Keyboard in Hindi)

कीबोर्ड एक प्रचलित इलेक्ट्रोमेकेनिकल (Electro Mechanical) इनपुट डिवाइस Input Device है जिसका प्रयोग कंप्यूटर में अल्फान्यूमेरिक (Alphanumeric) डाटा डालने तथा कंप्यूटर को निर्देश देने के लिए किया जाता है. Keyboard को Hindi में कुंजीपटल कहते है.कीबोर्ड  का अविष्कार Christopher Latham Sholes ने किया था.

की-बोर्ड पर टाइप किए जाने वाला डाटा कंप्यूटर मोनीटर के स्क्रीन पर प्रदर्शित होता है. कीबोर्ड का प्रयोग  Mouse  की तरह प्वाइंटिंग डिवाइस के रूप में भी किया जा सकता है.

 

कीबोर्ड के प्रकार – Types of Keyboard in Hindi

कंप्यूटर उपयोगकर्ताओं द्वारा विभिन्न प्रयोजनों के लिए  Different Types of Computer Keyboard  का इस्तेमाल  किया जाता है जैसे –

1. क्वर्टी  कीबोर्ड (QWERTY  KEYBOARD) – आजकल 104 बटन वाला ‘QWERTY’ की-बोर्ड का प्रयोग प्रचलन में है. Speed Typing के लिए QWERTY Keyboard का इस्तमाल ज्यादा होता है. इसमें बटनों की व्यवस्था प्रचलित Type Writer के बटनों की तरह ही होती है.

QWERTY  Keyboard में  अंग्रेजी  के सभी अक्षरों को तीन पंक्तियों में व्यवस्थित किया गया है. इसलिए इसे ‘QWERTY’ की-बोर्ड कहा जाता है क्योंकि अक्षरो के सबसे ऊपर वाली पंक्ति के बायीं ओर के 6 बटन Q,W,E,R,T तथा Y के क्रम में रहते है.

 

2 . वर्चुअल कीबोर्ड (VIRTUAL KEYBOARD) – वर्चुअल का अर्थ होता है – आभाषी. वर्चुअल कीबोर्ड सॉफ्टवेर प्रोग्राम द्वारा तैयार किया जाता है जिसमे Keyboard का प्रतिबिम्ब Screen पर उतारा जाता है. यह एक अप्लिकेशन सॉफ्टवेर प्रोग्राम है. जिसमे कीबोर्ड कंप्यूटर स्क्रीन पर ही दिखाई देता है. ऑन स्क्रीन कीबोर्ड को माउस य टचस्क्रीन या किसी अन्य पोइंटिंग डिवाइस की सहायता से प्रयोग में लाया जाता है .

वर्चुअल कीबोर्ड में कोई Physical Part नही होता, अत: इसमें टूट फुट की सम्भावना नही होती तथा साफ-सफाई की भी जरुरत नही होती है.

आजकल, टैबलेट तथा Smart Phone में डाटा डालने के लिए ऑन स्क्रीन कीबोर्ड या वर्चुअल कीबोर्ड का प्रचलन बढ़ रहा है.

 

3. गेमिंग कीबोर्ड (GAMING KEYBOARD) – इस प्रकार के keyboard का प्रयोग Game खेलने के लिए किया जाता है. गेमिंग कीबोर्ड QWERTY कीबोर्ड के तरह ही होता है. बस इनमे Light और Soft बटन होते है.

 

कीबोर्ड के Connector (connector of keyboard in Hindi)

की-बोर्ड को  PS – 2 Port , USB Port द्वारा सीपीयू से जोड़ा जाता है. आजकल, की-बोर्ड को यूएसबी पोर्ट द्वारा भी कंप्यूटर से जोड़ा जा सकता है. वायरलेस की-बोर्ड सिस्टम से भोतिक संपर्क बनाये बिना रेडियो तरंगो पर कार्य करते है तथा इसे ब्लूटूथ द्वारा कंप्यूटर से जोड़ा जाता है.

 

कार्य और स्थिति के अनुसार कीबोर्ड के बटन (Buttons of Keyboard in Hindi)

Computer Keyboard  के कुछ बटन ऐसे भी होते है जिन्हें प्रयुक्त सॉफ्टवेर के अनुसार कंप्यूटर को निर्धारित निर्देश देने के लिए प्रयोग किया जाता है.

 

1. मुख्य कीबोर्ड या टाईपराइटर बटन (Typing Button)

यह की-बोर्ड के बाये-मध्य भाग में अंग्रेजी टाईपराइटर के समान ही होता है. इसमें अंग्रेजी के सभी अक्षर (A से Z), अंक (0 से 9) तथा कुछ विशेष चिन्ह रहते है इसे अक्षर बटन (Alphabet Key) तथा संख्यात्मक बटन (Numeric Key) भी कहा जाता है. इनका प्रयोग कंप्यूटर में Alphanumeric Data डालने के लिए तथा वर्ड प्रोसेसिंग प्रोग्राम में किया जाता है. Typing Button में कुछ Punctuation marks  चिन्ह भी होते है.

 

2. फंक्शन बटन (Function Button)

ये की-बोर्ड के ऊपर F1 से F12 तक अंकित बटन होते है. इनका कार्य प्रयोग किये जानेवाले सॉफ्टवेर पर निर्भर करता है. वास्तव में ये एक पुरे आदेश के बराबर होते है जिनकी हमें बार – बार आवश्यकता पड़ती है. इससे बहुत सारे कार्य जल्दी हो जाते है  इससे समय की बचत होती है.

 

3. संख्यात्मक की-पैड बटन (Numeric keypad Button)

Keyboard  की दायी ओर कैलकुलेटर के सामान स्थित बटनों को संख्यात्मक की-पैड कहा जाता है. इनका प्रयोग संख्यात्मक डाटा को तीव्र गति से भरने के लिए किया जाता है. इनमे 0 से 9 तक, दशमलव (.), जोड़ (+), घटाव (-), गुणा (x), भाग (/) के साथ न्यूमेरिकल लॉक (Num Lock) तथा इंटर (Enter) बटन होते है. ध्यान रहे कि 0 से 9 तक की संख्याओ के बटन मुख्य कीबोर्ड पर भी होते है तथा दोनों का सामान परिणाम होता है.

Numeric keypad के कुछ बटन दो कार्य करते है. इन बटनों का प्रयोग कीबोर्ड द्वारा कर्सर को एक स्थान से दुसरे स्थान तक ले जाने के लिए Mouse  के विकल्प के रूप में भी किया जाता है. अंत इन्हें कर्सर कंट्रोल बटन भी कहा जाता है इनका प्रयोग कंप्यूटर गेम को नियंत्रण करने में भी किया जाता है.

यदि Num Lock बटन ऑन है तो Numeric Key – Pad का प्रयोग संख्याओ को टाइप करने के लिए होता है यदि Num Lock बटन ऑफ़ है तो इन बटनों का प्रयोग arrow key तथा End, Home, Page up, Page Down, Insert तथा Delete फंक्शन के लिए किया जाता है.

Num Lock बटन ऑफ होने पर इनसे संख्याए टाइप नही की जा सकती है किसी किसी कीबोर्ड में Num Lock ऑन होने पर एक हरी बत्ती भी जलती है.

4. कर्सर मूवमेंट बटन (Cursor movement button)

Keyboard  के दाये निचले भाग में तीर के निशान वाले चार बटन होते है जिनसे कर्सर को दाए (→), बाये(←), ऊपर(↑) तथा नीचे(↓) ले जाया जा सकता है. इन्हें दाया, बायां, ऊपर तथा नीचे ऐरो बटन कहते है. इन्हें एक बार दबाने पर कर्सर एक स्थान बाएं या दाएं या एक लाइन ऊपर या नीचे हो जाता है. इसे Navigation Keys भी कहा जाता है.

 

5. संशोधक बटन (Modifier Button)

Computer Keyboard  पर बना कोई बटन या बटनों का समूह जिसके प्रयोग से किसी अन्य बटन से होने वाले कार्य में परिवर्तन हो जाता है, modifier Button कहलाता है. modifier Button स्वयं कोई कार्य नही करता, परंतु दुसरे बटनों के कार्यो में बदलाव करता है.

मोडीफायर बटन का प्रयोग किसी अन्य बटन के साथ मिलाकर किसी विशेष कार्य को करने के लिए किया जाता है. Shift, Alt (Alternate), Ctrl (Control) तथा Windows Key मोडीफायर बटन है. इनका प्रयोग कंप्यूटर सॉफ्टवेर के अनुसार बदलता रहता है.

सुविधा के लिए कीबोर्ड पर Shift, Alt, Ctrl तथा Windows Key के दो-दो बटन बनाये जाते है जो मुख्य कीबोर्ड के दोनों छोरो पर स्थित होते है.

 कर्सर कंट्रोल के लिए चार बटन  होते है  –(Keyboard in Hindi)

1. होम (Home) – कर्सर को लाइन के आरंभ में ले जाता है होम तथा कंट्रोल बटन को एक साथ दबाने पर कर्सर वर्त्तमान पेज या Document  के आरंभ में चला जाता है. किसी Web Page  को देखने के दौरान Home Button  दबाने पर कर्सर उस वेब पेज के शुरुवात में पहुँच जाता है

2.. इंड (End) – कर्सर को लाइन या पेज के अंत में ले जाता है इंड तथा कंट्रोल बटन को एक साथ दबाने पर कर्सर वर्त्तमान पेज या डॉक्यूमेंट के अंत में चला जाता है. किसी वेब पेज को देखने के दौरान End Button  दबाने पर कर्सर उस वेब पेज के अंत में पहुँच जाता है.

3. पेज अप (Pg Up) – कर्सर को डॉक्यूमेंट के पिछले पेज में ले जाता है.

4 पेज डाउन (Pg Dn) – कर्सर को डॉक्यूमेंट के अगले पेज पर ले जाता है.

 

Keyboard के विशेष उदेश्य वाले बटन (Special Purpose Buttons of Keyboard in Hindi)

कंप्यूटर कीबोर्ड के कुछ बटन किसी खास उद्देश्य के लिए बनाए जाते है, जिन्हें Special Purpose बटन कहा जाता है. कुछ स्पेशल परपस बटन और उनके कार्य इस प्रकार है –

1. न्यूमेरिकल लॉक बटन (Num Lk Button) – Keyboard in Hindi

इसका प्रयोग संख्यात्मक बटनों के साथ किया जाता है, Num Lock ऑन होने पर कीबोर्ड के ऊपर दायी ओर एक हरी बत्ती जलती है तथा संख्यात्मक कीपैड के बटन के ऊपर किखी संख्याए टाइप करते है. Num Lock ऑफ होने पर ये बटन नीचे लिखे कार्य सम्पन्न करते है.

2. कैप्स लॉक बटन (Caps Lock Button) – Keyboard in Hindi

इसका प्रयोग अंग्रेजी वर्णमाला को छोटे अक्षरों या बड़े अक्षरों में लिखने के लिए किया जाता है. कैप्स लॉक बटन दबाने पर ऊपर दायीं ओर एक बत्ती जलती है तथा कीबोर्ड के सम्बंधित बटनों द्वारा वर्णमाला को बड़े अक्षरों में लिखा जाता है. कैप्स लॉक बटन दूसरी बार दबाने पर बत्ती बुझ जाती है तथा वर्णमाला के छोटे अक्षरों को टाइप किया जा सकता है.

3. शिफ्ट बटन (Shift Button) – Keyboard in Hindi

इसे संयोजन बटन भी कहते है क्योंकि इसका उपयोग किसी और बटन के साथ किया जाता है. किसी बटन पर दो चिन्ह रहने पर शिफ्ट बटन के साथ उस बटन को दबाने पर ऊपर वाला चिन्ह टाइप होता है उस बटन को अकेले दबाने पर नीचे लिखा चिन्ह आता है.

अगर कैप्स लॉक बटन ऑन है, तो शिफ्ट बटन के साथ वर्णमाला के बटन दबाने पर छोटे अक्षर टाइप होते है. अगर कैप्स लॉक बटन ऑफ है तो शिफ्ट बटन के साथ वर्णमाला के बटन दबाने पर बड़े अक्षर टाइप होते है.

4. टैब बटन (Tab Button) – Keyboard in Hindi

यह कर्सर को एक निश्चित दुरी, जो रूलर द्वारा तय की जा सकती है, तक कुदाते हुए ले जाने के लिए प्रयोग किया जाता है. किसी चार्ट, टेबल या एक्सेल प्रोग्राम में एक खाने से दुसरे खाने तक जाने के लिए भी टैब बटन का प्रयोग किया जाता है. इसके द्वारा डायलोग बोक्स में उपलब्ध विकल्प में से किस एक का चयन भी किया जा सकता है.

5. रिटर्न या इंटर बटन (Enter Button) – Keyboard in Hindi

कंप्यूटर को दिए गए निर्देशों को कार्यान्वित करने के लिए तथा स्क्रीन पर टाइप डाटा को कंप्यूटर में भेजने के लिए इंटर बटन का प्रयोग किया जाता है. वर्ड प्रोसेसिंग प्रोग्राम में नया पैराग्राफ या लाइन आरंभ करने का कार्य भी इससे किया जाता है. इंटर बटन को पहचानने के लिए विशेष आकार दिया जाता है

 6. एस्केप बटन (Esc Button) – Keyboard in Hindi

इस बटन का प्रयोग पिछले कार्य को समाप्त करने या चालू प्रोग्राम के बहार जाने के लिए होता है.

 7. बैक स्पेस बटन (Backspace Button) – Keyboard in Hindi

इसके प्रयोग से कर्सर के ठीक बायीं ओर स्थित करेक्टर या स्पेस को एक एक कर मिटाया जाता है. इसका प्रोयोग टाइपिंग के समय गलतियाँ ठीक करने में किया जाता है.

 8. डिलीट बटन (Delete Button) – Keyboard in Hindi

इस बटन का प्रोयोग कर्सर से ठीक दायी ओर स्थित केरेक्टर या स्पेश को एक एक कर मिटने में किया जाता है. इससे चयनित शब्द, लाईन, पैराग्राफ, पेज या फाइल को एक साथ भी मिटाया जा सकता है.

 9. प्रिंट स्क्रिन बटन (Print Scr Button)

इससे स्क्रीन में जो भी दिख रहा है उसे प्रिंट किया जा सकता है. प्रिंट स्क्रीन बटन कंप्यूटर स्क्रीन का फोटो क्लिप बोर्ड में संग्रहित कर लेता है जिसे बाद में किसी अन्य प्रोग्राम में पेस्ट या एडिट किया जा सकता है.

 10. स्क्रोल लॉक बटन (Scroll Lk Button)

इस बटन को दबाने से कंप्यूटर स्क्रीन पर आ रही सूचना एक स्थान पर रुक जाती है. सूचना को फिर से शुरू करने के लिए यह बटन दोबारा दबाना पड़ता है.

 11. पॉज बटन (Pause Button)

इसका कार्य स्क्रोल लॉक बटन जैसा ही है किसी भी दुसरे बटन को दबाने पर सूचना पुनः आनी शुरू हो जाती है.

 12. इन्सर्ट बटन (Insert Button)

इसका प्रयोग पहले से संग्रहित डाटा पर ओवरराईट करने के लिए किया जाता है इन्सर्ट बटन दबाकर कोई टाइपिंग बटन दबाने पर कर्सर के ठीक बाद स्थित अंक या अक्षर मिट जाता है तथा उसके स्थान पर न्य टेक्स्ट टाइप हो जाता है.

 13. स्टिक बटन (Windows key Button)

Keyboard में वे उपयोगकर्ता जो दो या अधिक बटनों को एक साथ दबाने में असुविधा महसूस करते है, उनकी सुविधा के लिए स्टिक बटन का प्रयोग किया जाता है इसमें उपयोगकर्ता या Windows key को लगातार दो बार दबा कर तब तक सक्रीय रख सकता है जब तक दूसरा बटन न दबा दिया जाय.

स्टिक बटन की Facility  को ON  करने के लिए Shift बटन को 5 बार लगातार दबाते है. इसे बंद करने के लिए दोनों shift बटन एक साथ दबाते है.

14. स्पेस बार (Space bar Button)

यह Keyboard  में सबसे निचली पंक्ति के बीच में स्थित सबसे लम्बा बटन है. इसका प्रयोग टाइप करते समय अक्षरों तथा अंको के बिच खाली स्थान डालने की लिए किया जाता है. इसे इतना लंबा इसलिए बनाया जाता है ताकि दोनों हाथ से टाइप करते समय किसी भी हाथ के अंगूठे से इसका प्रयोग किया जा सके.

Modifier Key के साथ इसका प्रयोग सॉफ्टवेर के अनुसार अन्य कार्यो के लिए भी किया जाता है वीडियो गेम में भी इसे एक मुख्य बटन के रूप में प्रयोग किया जाता है.

 

कंट्रोल + आल्ट + डेल (Ctr + Alt + Del)

इन तीनो बटनों को एक साथ दबाने पर कंप्यूटर में चल रहे प्रोग्राम को बंद करने का Option मिलता है. ऐसा अक्सर तब किया जाता है जब कंप्यूटर हैंग हो जाता है अर्थात किसी अन्य बटन के आदेश का पालन नही करता, इसे रिसेट भी कहते है.

 Conclusion

दोस्तों मुझे पूर्ण विश्वास है की आपको इस पोस्ट  Keyboard in  Hindi  में दी गयी जानकारी पसंद  आयी होगी. और इस पोस्ट को आप अपने दोस्तों और संबंधियों के साथ जरुर Share करेंगे . कंप्यूटर Keyboard से सम्बन्धित महत्वपूर्ण जानकारी आपको इस पोस्ट के द्वारा दी गयी है . दोस्तों अगर सुधार की कोई आवश्यकता हो तो Please कमेंट बॉक्स में  आप अपना comment जरुर लिखे .   (धन्यवाद)

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

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